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पवार ने फडणवीस पर साधा निशाना, कहा- नागपुर अब अपराध नगर के रुप में जाना जाता है

By LSChunav | Publish Date: Oct 10 2019 7:56PM
पवार ने फडणवीस पर साधा निशाना, कहा- नागपुर अब अपराध नगर के रुप में जाना जाता है

राकांपा प्रमुख शरद पवार ने कहा कि कानून व्यवस्था सुनिश्चित करना, आम आदमी को न्याय प्रदान करना सरकार की जिम्मेदारी है। नागपुर महाराष्ट्र की दूसरी राजधानी है।

वर्धा। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) प्रमुख शरद पवार ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति को लेकर बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस पर निशाना साधते हुए कहा कि नागपुर अब प्रदेश के ‘अपराध नगर’ के रूप में जाना जाता है और प्रदेश की अब तक ऐसी बदनामी नहीं हुई थी। फड़णवीस नागपुर से ही हैं और राज्य के गृह विभाग का प्रभार भी उनके पास है। वह नागपुर की एक विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। वर्धा जिले में एक चुनाव रैली को संबोधित करते हुए पवार ने कृषि संकट और एवं नौकरियां जाने को लेकर केंद्र और राज्य की भाजपा नीत सरकारों पर प्रहार किया।

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राकांपा प्रमुख ने कहा कि कानून व्यवस्था सुनिश्चित करना, आम आदमी को न्याय प्रदान करना सरकार की जिम्मेदारी है। नागपुर महाराष्ट्र की दूसरी राजधानी है। नागपुर देश में राज्य के अपराध नगर के रूप में जाना जाता है। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री नागपुर से आते हैं। इस राज्य ने, नागपुर या विदर्भ की इस तरह की बदनामी कभी नहीं हुई थी। पवार ने आरोप लगाया कि फड़णवीस सरकार के तहत राज्य का कर्ज बढ़ कर चार लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। पूर्व केंद्रीय कृषि मंत्री ने दावा किया कि भाजपा-शिवसेना सरकार नेकृषि रिण माफी का फायदा राज्य में सिर्फ 30 फीसदी किसानों को पहुंचाया है। 

पवार ने यह भी आरोप लगाया कि फड़णवीस सरकार राज्य में फैक्टरियों में नौकरियां जाने से परेशान नहीं है। कर्ज में फंसे जेट एयरवेज के बंद होने के उदाहरण का जिक्र करते हुए पवार ने कहा कि यदि सरकार सतर्क रहती तो वह निजी विमानन कंपनी के 20,000 कर्मचारियों की नौकरी किसी न किसी तरह से बचा लेती। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र राज्य सरकारी बैंक के संचालन मंडल में शामिल नहीं रहने के बावजूद बैंक से जुड़े घोटाले में उन्हें नामजद कर दिया गया।

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राकांपा प्रमुख ने कहा कि पिछले महीने उनके खिलाफ मामला दर्ज होने के बाद उन्होंने खुद ही प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) का रुख करने का फैसला किया। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि चुनाव नजदीक होने को लेकर मुझे मुंबई के बाहर चुनाव प्रचार करने की जरूरत है। वे कह सकते थे कि मैं फरार हूं। इसलिए मैंने ईडी से संपर्क करने का फैसला किया।


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